हिसार

कोरोना केस मिलने पर गांव बडाला कंटेनमेंट जोन घोषित, 19 टीमें करेंगी डोर-टू-डोर स्क्रीनिंग

पड़ोसी गांवों रोशनखेड़ा, खरबला, बास आजमशाहपुर, भाटोल जाटान व थुराना को बफर जोन घोषित किया

हिसार,
उपायुक्त डॉ. प्रियंका सोनी ने बताया कि जिला के गांव बडाला में कोरोना केस मिलने के बाद गांव बडाला को 28 दिन के लिए कंटेनमेंट जोन घोषित किया जाता है। इसके साथ लगते गांवों, रोशनखेड़ा, खरबला, बास आजमशाहपुर, भाटोल जाटान व थुराना को बफर जोन घोषित किया गया है। इन स्थानों की समुचित निगरानी व कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए उन्होंने हांसी में पीडब्ल्यूडी बीएंडआर के एसडीओ अनिल नरवाल व जल सेवाएं के एसडीओ नवीन कुमार को ड्यूटी मजिस्टेªट नियुक्त किया है।
उपायुक्त ने बताया कि कंटेनमेंट जोन व बफर जोन में कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए संदिग्धों की पहचान करने, ऐसे सभी व्यक्तियों की जांच करने, उन्हें क्वारेंटाइन व आइसोलेशन करने तथा सामाजिक दूरी बनाने के अलावा अन्य सभी प्रकार के स्वास्थ्य मापदंडों को लागू करने के लिए एक्शन प्लान बनाया गया है। उन्होंने सिविल सर्जन को निर्देश दिए हैं कि वे आशा वर्कर्स व एएनएम की कम से कम 19 टीमें गठित करें जो कंटेनमेंट जोन में घर-घर जाकर प्रत्येक व्यक्ति की स्क्रीनिंग व थर्मल स्कैनिंग करेंगी।
इन टीमों के कार्यों की निगरानी व रिपोर्टिंग आदि के लिए सुपरवाइजर डॉक्टर्स की 6 टीमें भी गठित की जाएं। ड्यूटी पर तैनात प्रत्येक स्टाफ सदस्य को सुरक्षा के मद्देनजर पीपीई किट व अन्य आवश्यक उपकरण मुहैया करवाए जाएं। इसी प्रकार सिविल सर्जन द्वारा कंटेनमेंट जोन व बफर जोन को पूरी तरह से सेनिटाइज करवाया जाएगा। कंटेनमेंट जोन को सक्रिय मेडिकल सुविधाओं की आपूर्ति बडाला की एसएचसी से जबकि बफर जोन को मेडिकल सुविधाओं की आपूर्ति हांसी व हिसार के नागरिक अस्पतालों से की जाएगी। उन्होंने बताया कि कंटेनमेंट जोन में वाहनों सहित सभी प्रकार की आवाजाही की अनुमति पर रोक लगा दी गई है। हांसी के पुलिस अधीक्षक द्वारा कंटेनमेंट जोन के क्षेत्र को पूरी तरह से सील करके व नाके आदि लगवाकर यहां पुलिस बल की तैनाती करवाई जाएगी। बफर जोन में लॉकडाउन के सभी नियमों की सख्ती से अनुपालना करवाई जाएगी। आवश्यक गतिविधियों व वाहनों की आवाजाही के लिए नारनौंद के एसडीएम की अनुमति से जारी पास अनिवार्य किया गया है। पीडब्ल्यूडी बीएंडआर द्वारा कंटेनमेंट जोन व बफर जोन में आवश्यक स्थानों की समुचित बेरिकेडिंग करवाई जाएगी। उन्होंने रोडवेज जीएम को प्रतिदिन नागरिक अस्पताल से प्रभावित क्षेत्र तक आशा वर्कर्स व एएनएम की टीमों को लाने व ले जाने के लिए दो बसें लगाने के निर्देश दिए हैं।
उपायुक्त ने बताया कि क्षेत्र के निवासियों को प्रतिदिन की जरूरत की सभी वस्तुओं की होम डिलीवरी करवाई जाएगी। इसके लिए सभी आवश्यक वस्तुओं जैसे राशन, ग्रोसरी, दूध, मेडिसन व फल सब्जियों की होम डिलीवरी की दरें निर्धारित करने के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। वस्तुओं की डिलीवरी करने वाला व्यक्ति पीपीई किट पहनकर आए और किसी भी घर में प्रवेश न करे बल्कि सामान का पैकेट घर के दरवाजे पर रखकर वापस चला जाए। कंटेनमेंट व बफर जोन में आवश्यक वस्तुओं की होम डिलीवरी व समुचित सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए नारनौंद के एसडीएम को ओवर-ऑल इंचार्ज बनाया गया है। उपायुक्त ने प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति, स्वच्छ पेयजल, एंबुलेंस व अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ की नियुक्ति आदि के संबंध में संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं।

Related posts

आलोचना करने की बजाय सच्चाई को मानकर रोडवेज को बचाने के लिए एकजुट हों यूनियन : किरमारा

सत्यनगर में रेल हादसे में मारे गए मासूमों के परिजनों को सौंपी 80 हजार की राशि

Jeewan Aadhar Editor Desk

जिला के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को गेहूं ऋण का जल्द से जल्द हो भुगतान : रामफल