हिसार,
विश्व हिंदू परिषद की मातृशक्ति की ओर से अयोध्या में श्री राम मंदिर के भूमि पूजन की प्रथम वर्षगांठ पर गांव सातरोड खास में बाबा हर्षपूरी विद्या मंदिर में हवन का आयोजन किया गया और उसके बाद 21 फलदार पौधे लगाए गए। कार्यक्रम का संयोजन मातृशक्ति की सांस्कृतिक आयाम जिला संयोजिका मीनाक्षी मुदगिल ने किया।
बजरंग दल के विभाग सह संयोजक संजीव चौहान ने बताया कि अयोध्या में भगवान श्री राम मंदिर के निर्माण कार्य को आरंभ हुए एक वर्ष हो गया है और इसका कार्य तेजी से चल रहा है। श्रीराम मंदिर को दिसंबर 2023 में दर्शन के लिए खोल दिया जाएगा। इसमें श्रद्धालु मंदिर के गर्भगृह में रामलला के दर्शन कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि 2023 तक मंदिर के गर्भगृह और पहले तल का काम पूरा हो जाएगा और 2025 तक मंदिर पूरी तरह से बन जाएगा। उन्होंने कहा कि भगवान श्री राम का मंदिर प्रत्येक भारतवासी की आस्था का प्रतीक है। मंदिर का निर्माण कार्य आरंभ होने से सभी रामभक्तों को जो खुशी प्राप्त हुई है उसको शब्दों में ब्यां नहीं किया जा सकता।
इस दौरान पूजा सैनी, ज्योति निंदानिया, पूजा शर्मा, मोनिका सैनी, सुनीता पानू, मनोज कुमार, संतोष मंगाली, नीशा मुंजाल व सुदेश सहित विहिप के अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।