धर्म

परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—835

एक छोटे से गांव में एक व्यक्ति को नशे की बहुत बुरी लत थी। उसके दो बेटे थे, उसकी पत्नी का निधन हो चुका था, इसलिए घर की जिम्मेदारी उसी पर थी, लेकिन वह अपने बच्चों की देखभाल ठीक से नहीं करता था। दोनों बेटे रोज अपने पिता को नशा और झगड़ा करते देखते थे।

समय बीतता गया और दोनों बेटे बड़े होने लगे। कुछ वर्षों बाद उनके पिता की भी मृत्यु हो गई। अब दोनों भाइयों को अपने जीवन का रास्ता खुद तय करना था।

बड़ा बेटा अपने पिता को ही अपना आदर्श मान बैठा। उसने वही रास्ता अपनाया, जो उसके पिता ने अपनाया था। धीरे-धीरे वह भी नशे की लत में फंस गया। उसका जीवन बर्बादी की ओर बढ़ने लगा। न तो उसके पास कोई काम था और न ही कोई सम्मान। उसकी हालत बिल्कुल अपने पिता जैसी हो गई।

दूसरी ओर छोटा बेटा बिल्कुल अलग सोच रखता था। उसने अपने पिता के जीवन को ध्यान से देखा था, लेकिन उसने पिता के जीवन से एक अलग सीख ली। वह सोचता था कि अगर उसने भी वही रास्ता अपनाया, तो उसका जीवन भी खराब हो जाएगा। इसलिए उसने तय किया कि वह मेहनत करेगा, पढ़ाई करेगा और अपने जीवन को बेहतर बनाएगा।

उसने कठिन परिस्थितियों के बावजूद पढ़ाई पर ध्यान दिया। कई बार उसे परेशानियां भी आईं, लेकिन उसने हार नहीं मानी। धीरे-धीरे उसकी मेहनत रंग लाने लगी। पढ़ाई पूरी करने के बाद उसे एक नौकरी मिल गई। उसके पास सुख-सुविधाएं थीं और सम्मान भी मिलने लगा।

लोगों को यह देखकर बहुत आश्चर्य होता था कि एक ही घर में पले-बढ़े दो भाइयों का जीवन इतना अलग कैसे हो सकता है। एक दिन कुछ लोगों ने बड़े भाई से पूछा कि तुम्हारी ऐसी हालत क्यों हो गई?

उसने जवाब दिया कि मेरे पिता की वजह से। वे हमेशा नशा करते थे। मैं भी उन्हें देखकर ऐसा ही बन गया।

फिर लोग छोटे भाई के पास पहुंचे और उससे पूछा कि तुम इतने सफल कैसे बने?

छोटे भाई ने मुस्कुराते हुए कहा कि मैं भी अपने पिता की वजह से ही सफल बना हूं। मैंने उन्हें देखा और सोचा कि मुझे उनके जैसा नहीं बनना है। इसलिए मैंने मेहनत की और अपने जीवन में सकारात्मक रास्ता अपनाया।

इस जवाब को सुनकर सभी लोग समझ गए कि जीवन में परिस्थितियों से ज्यादा महत्व हमारे नजरिए का होता है।

धर्मप्रेमी सुंदरसाथ जी, अगर हम सही सोच अपनाएं तो कठिन परिस्थितियां भी हमें सफलता की ओर ले जा सकती हैं। जीवन में सफलता या असफलता का कारण केवल परिस्थितियां नहीं होतीं, बल्कि हमारी सोच और हमारा नजरिया होता है। जो लोग हर परिस्थिति में सकारात्मक सोच रखते हैं और सही रास्ता चुनते हैं, वही जीवन में सुख, सम्मान और सफलता प्राप्त करते हैं।

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