हिसार

दड़ौली व चूली बागड़ियान का कंटेटमेंट जोन 14 दिन बढ़ा, 22 मई तक सील रहेंगे दोनों गांव

आदमपुर (हैरी)
आदमपुर खंड के गांव दड़ौली व चूलि बागड़ियान का कंटेटमेंट जोन का समय बढ़ा दिया है। शनिवार 25 अप्रैल को दड़ौली में मिले कोरोना संक्रमित युवक की तीसरी रिपोर्ट भी पॉजिटिव आने के बाद प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग भी और ज्यादा सतर्क हो गया है और कंटेटमेंट व बफर जोन में शामिल गांवों की निगरानी और कड़ी करने के निर्देश देते हुए उनकी अवधि 14 दिन और आगे बढ़ी दी है। अब दड़ौली, चूली बागडिय़ान, चूली कलां व चूली खूर्द 22 मई तक सील रहेगें।

जानकारी देते हुए आदमपुर के खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी संदीप भारद्वाज ने बताया कि गांव दड़ौली मिले कोरोना संक्रमित युवक की तीसरी रिपोर्ट भी पॉजिटिव आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिला प्रशासन से अनुसंशा की गई थी कि कंटेटमेंट व बफर जोन में शामिल इन चारों गांवों का लॉक डाउन पीरियड 14 दिन ओर बढ़ाया जाए ताकि गांव में इस वायरस की चपेट में और कोई ना आ सके तथा ग्रामीणों की सुरक्षा की जा सके। स्वास्थ्य विभाग की अनुसंशा पर जिला उपायुक्त महोदया प्रियंका सोनी ने आदेश जारी करते हुए दड़ौली व चूली का कंटेटमेंट जोन व चूली कलां और चूली खूर्द का बफर जोन की समय अवधि 14 दिन के लिए बढ़ा दी हैं। अब ये चारों गांव 22 मई तक सील रहेगें।

भारद्वाज ने बताया कि इन चारों गांवों में सीसवाल सीएचसी के एसएमओ डॉ. रोशन लाल के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम ग्रामीणों का घर घर जाकर थर्मल स्क्रीनिंग कर रही हैं और पूरे गांव को पंचायत की मदद से सेनिटाइज करने का कार्य तो चल ही रहा है। इसके अलावा सभी ग्रामीणों की अब मलेरिया की जांच की जायेगी। उन्होंने बताया कि इन चारों गांव में अब किसी को बाहर नहीं आने दिया जा रहा हैं और ना ही किसी को गांव में जाने दिया जा रहा हैं।

उन्होंने बताया दूसरे राज्यों या किसी दूसरे जिलों से इन गांवों में आने वालों को गांव की सीमा पर ही रोका जा रहा हैं वहां से उनको सैम्पल के लिए हिसार नागरीक अस्पताल ले जाया जा रहा हैं। इसके अतिरिक्त चारों गांवों के आने व जाने वाले सभी रास्तों की सीमाएं पुलिस द्वारा सील की हुई है। पुलिस विभाग द्वारा इन गांवों में आने वाले सभी रास्तोंं पर 10 नाके लगाये है जिन पर 24 घंटे पुलिस कर्मचारियों द्वारा निगरानी की जाती है।

Related posts

सरकार का मौजूदा जीएसटी कानून किसी वर्ग के हित में नहीं

फाइलों का निपटान 25 दिसंबर तक पूर्णत: ई-ऑफिस प्रणाली के माध्यम से ही किया जाए : डीसी

जाट आरक्षण संघर्ष समिति का उद्देश्य सरकार को अस्थिर करने का नहीं—मलिक

Jeewan Aadhar Editor Desk