रेलवे ओवरब्रिज निर्माण के चलते कैमरी रोड के बंद होने से लोगों की बढ़ी परेशानी
डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा को ज्ञापन सौंप कर कैमरी-गंगवा रोड की हालत सुधारने की उठाई मांग
हिसार,
कैमरी रोड पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज के कारण रोड बंद होने और कैमरी से गंगवा लिंक रोड की बहाली के चलते 16 गांवों की 45 हजार आबादी को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को पेश आ रही परेशानी के हल के लिए नलवा हलके के 16 गांवों का एक प्रतिनिधिमंडल भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य संदीप गंगवा के नेतृत्व में विधानसभा डिप्टी स्पीकर एवं नलवा हलका के विधायक रणबीर गंगवा से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने कैमरी रोड बंद होने के चलते किए गए रूट डायवर्जन से आमजन को पेश आ रही समस्याओं से डिप्टी स्पीकर को अवगत कराया।
संदीप गंगवा ने बताया कि कैमरी रोड पर आरओबी के निर्माण के चलते कैमरी रोड बंद है। इसके चलते कैमरी रोड की सभी कॉलोनियों के लोगों को यदि हिसार शहर मे आना है तो उन्हें दिनोद आश्रम से शैशव कुंज होते हुए रेलवे लाइन के साथ-साथ उबड़ खाबड़ रोड से होते हुए कैमरी-गंगवा लिंक रोड पर आना पड़ता है। उन्होंने बताया कि स्याहड़वा, मंगाली, हरिता, बाड्या, बुर्रे, डाया सहित करीब 16 गांवों की करीब 45 हजार आबादी सहित कैमरी रोड पर बसी कॉलोनियों की 70-80 हजार आबादी को सिर्फ प्रशासन की लापरवाही की चलते परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि कैमरी-गंगवा लिंक रोड की हालत काफी खराब हो चुकी है। इस रोड पर दो-दो फुट गहरे गड्डे बन गए हैं। उन्होंने बताया कि रूट डायवर्जन से इस रोड पर अब भारी वाहनों की आवाजाही बढऩे के चलते इसकी हालत और भी अधिक खराब हो गई।
संदीप गंगवा ने बताया कि कैमरी-गंगवा लिंक रोड की खस्ता हालत के चलते यहां हमेशा दुर्घटना की आशंका बनी रहती है और यहां पर कई हादसे भी हो चुके हैं। इसलिए सभी की मांग है कि कैमरी गंगवा लिंक रोड का पुनर्निर्माण करवाया जाए और कैमरी रोड की कालोनियों के लोगों के आवागमन के लिए रेलवे लाइन के साथ कोई अस्थाई व्यवस्था करवाई जाए।
प्रतिनिधिमंडल से बातचीत करने के बाद डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा ने मौके पर ही पीडब्ल्यूडी के उच्चाधिकारियों को फोन कर समस्याओं को जल्द समाधान करने का निर्देश दिया गया। इस बात से ग्रामीण आश्वस्त दिखे। इस अवसर पर गांव मंगाली मोहब्बत के सरपंच सतपाल सुथार, सुनील हरिकोट, महेंद्र कैमरी, सुरेश सरपंच बालावास, रमेश गांधी नगर, साधुराम पातन सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।