परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—837 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—837Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 10, 2026March 10, 20260
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—836 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—836Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 9, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—835 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—835Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 8, 2026March 8, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—834 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—834Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 7, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—833 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—833Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 6, 2026
धर्मओशो : खोजने कहीं भी नहीं जानाJeewan Aadhar Editor DeskDecember 7, 2017 December 7, 2017 धर्म कोई मशाल नहीं। जिसे जलाये रखना पड़े, वह धर्म नहीं। जिसे हम सम्हाले , वह धर्म नहीं। जो हमें सम्हालता है ,वही धर्म है।...
धर्मस्वामी राजदास :लोभ का अंत नहींJeewan Aadhar Editor DeskDecember 7, 2017 December 7, 2017 एक गाँव में एक नाई अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रहता था। नाई ईमानदार था, अपनी कमाई से संतुष्ट था। उसे किसी तरह का...
धर्मपरमहंस स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—71Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 7, 2017January 29, 2024 December 7, 2017January 29, 2024 राजस्थान में एक लडक़ी हुई है करमाबाई। उसके घर के सामने मन्दिर था। वह हर रोज मन्दिर जाती थी। भगवान् के दर्शन करती,पंडितजी से प्रसाद...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—09Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 6, 2017 December 6, 2017 जीवन आधार प्रतियोगिता में भाग ले और जीते नकद उपहार नौकरी की तलाश है..तो यहां क्लिक करे। जीवन आधार न्यूज पोर्टल के पत्रकार बनो और...
धर्मस्वामी राजदास : सबसे बड़ा धनJeewan Aadhar Editor DeskDecember 6, 2017 December 6, 2017 एक फकीर जो एक वृक्ष के नीचे ध्यान कर रहा था, रोज एक लकड़हारे को लकड़ी काटते ले जाते देखता था। एक दिन उससे कहा...
धर्मपरमहंस स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—9Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 6, 2017November 27, 2023 December 6, 2017November 27, 2023 जब बच्चा तीन मास का हो जाता है, तो कुल गुरू या कुल पुरोहित के हाथ से उसकी जिह्वा पर शहद से ऊँ या हरि...
धर्मओशो : इंसान और कुत्ताJeewan Aadhar Editor DeskDecember 6, 2017 December 6, 2017 मनुष्य का जीवन मिला और पुण्य का पता न चला, तो सार क्या है? जो तुम कर रहे हो ,वह तो पशु भी कर लेते...
धर्मस्वामी राजदास : गुरु दक्षिणाJeewan Aadhar Editor DeskDecember 5, 2017 December 5, 2017 प्राचीनकाल के एक गुरु अपने आश्रम को लेकर बहुत चिंतित थे। गुरु वृद्ध हो चले थे और अब शेष जीवन हिमालय में ही बिताना चाहते...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश-08Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 5, 2017 December 5, 2017 आर्यवर्त के राजपुरूषों की स्त्रियां धनुर्वेद अर्थात् युद्धविद्या भी अच्छी प्रकार जानती थी, क्योंकि जो न जानती होतीं तो कैकेयी आदि दशरथ आदि के साथ...
धर्मओशो : भीतर जले दीपकJeewan Aadhar Editor DeskDecember 5, 2017 December 5, 2017 जब हम एक दफा, पहली दफा किसी व्यक्ति को पानी में फेंकते हैं तैरने के लिए, तब भी वह हाथ-पैर फेंकता है- थोड़े अव्यवस्थित। और...