फतेहाबाद (साहिल रुखाया)
शहर में स्थित लाल बत्ती चौक का सौंदर्यकरण किया जाएगा, इसके लिए जिला प्रशासन ने एसडीएम फतेहाबाद की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया है। यह कमेटी लाल बत्ती चौक के सौंदर्यकरण के साथ-साथ पुराना जीटी रोड पर लाईटिंग और रिपेयर के काम को भी देखेगी। यह फैसला बुधवार को लघु सचिवालय स्थित बैठक कक्ष में उपायुक्त डॉ हरदीप सिंह की अध्यक्षता में हुई सडक़ सुरक्षा समिति बैठक में लिया गया। बैठक में नैशनल हाईवे पर सुरक्षा मानदंडों बारे भी विचार विमर्श किया गया। बैठक में फैसला हुआ कि शहर में स्थित लाल बत्ती चौक का सौंदर्यकरण किया जाएगा। एसडीएम फतेहाबाद समिति के अध्यक्ष होंगे। ईओ नगरपरिषद, एसडीओ पीडब्ल्यूडी, ट्रैफिक इंस्पेक्टर और एसडीओ बिजली बोर्ड इसके सदस्य होंगे।
उपायुक्त डॉ हरदीप सिंह ने समिति को निर्देश दिए कि वे शहर के बीच स्थित लाल बत्ती चौक के सौंदर्यकरण बारे एक प्रस्ताव तैयार करे। इसके अलावा जिला में ट्रैफिक पार्क बनाने की दिशा में भी प्रस्ताव को तैयार किया जाए। लघु सचिवालय के मैन गेट का भी सौंदर्यकरण होगा और यातायात व्यवस्था को सुधारा जाएगा। उपायुक्त ने नैशनल हाईवे के अधिकारियों से कहा कि वे ग्राम पंचायत बड़ोपल की मांग अनुसार वहां अंडर पास बनाने की दिशा में काम करे। इसके अलावा नैशनल हाईवे पर स्थित हांसपुर रोड पर भी सीधा कट को बंद किया जाए ताकि दुर्घटना न घटे। उन्होंने कहा कि यहां भी अंडर पास बनाए जाने का प्रस्ताव नैशनल हाईवे पास करे।
डॉ हरदीप सिंह ने नैशनल हाईवे पर स्थित गांव बड़ोपल, खारा खेड़ी, धांगड़ और दरियापुर के सर्विस लाईन में दिए गए कटों के सुधारीकरण और उनके मांग और नियमानुसार निर्धारित करने के निर्देश दिए। उपायुक्त ने सहायक सचिव आरटीए और रिसर्च ऑफिसर आपदा प्रबंधन विभाग को यह भी निर्देश दिए कि वे सरकारी विभागों के चालकों का एक प्रशिक्षण शिविर आयोजित करे, जिसमें उन्हें यातायात नियमों की अपडेट जानकारी दें। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि वे रात को वाहन चलाते समय डिपर का प्रयोग अवश्य करें। प्राय: यह देखने में आया है कि रात के समय गाडिय़ों की तेज एलईडी लाईट के कारण से दुर्घटनाएं घट रही है।
उन्होंने पीडब्ल्यूडी विभाग को निर्देश दिए कि म्योंद कलां में रंगोई नाला पर तीखे मोड पर साईन बोर्ड लगाए और वहां सफेद पट्टी की लाईन भी अंकित करें ताकि वाहन चालकों को वह रोड दिख सके। इसके अलावा दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में यातायात नियमों के साईन बोर्ड सहित दुर्घटना संभावित क्षेत्र के बोर्ड भी लगाए। उन्होंने नैशनल हाईवे के अधिकारियों से कहा कि वे हाईवे के साथ-साथ बने बारिश पानी की निकासी के लिए बनाए गए ड्रैन के ऊपर रखी सलैब को दुरूस्त करवाए।