परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 860 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskApril 2, 2026April 2, 20260
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 859 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskApril 1, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 858 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 31, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 857 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 30, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 856 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 29, 2026
धर्मपरमहंस स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—77Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 13, 2017February 4, 2024 December 13, 2017February 4, 2024 एक बार राजा जनक की सभा में मुनि अष्टावक्र जी पधारे। पंडितों से ज्ञानी सन्त महात्माओं से सभा भरी हुई थी। ज्योंहि सबकी दृष्टि अष्टाव्रक...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—14Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 12, 2017 December 12, 2017 जो सदा सदाचार में प्रवृत्त,जितेन्द्रिय और जिन का वीर्य अध:स्खलित कभी न हो उन्ही का ब्रहा्रचर्य सच्चा और वे ही विद्वान होते हैं। इसलिये शुभ...
धर्मओशो : सन्यासJeewan Aadhar Editor DeskDecember 12, 2017 December 12, 2017 मैंने सुना है कि एक सर्जन ऑपरेशन कर रहा था। अपेन्डिक्स निकाली। बड़ा कुशल कारीगर था। उसके विद्यार्थी,उसके शिष्य, उसके मित्र सब किनारे खड़े होकर...
धर्मस्वामी राजदास : सहनशक्ति का राजJeewan Aadhar Editor DeskDecember 12, 2017 December 12, 2017 एक संत के जीवन में बहुत कष्ट आए पर उसके मन में कभी क्रोध नहीं आया। लोग उसे गालियां देते, पर वह हंसता रहता। एक...
धर्मपरमहंस स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—76Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 12, 2017February 3, 2024 December 12, 2017February 3, 2024 संकट के समय में आपसी वैर-भाव को भूल जाओ और सब मिलकर आई हुई मुसीबतों का सामना करो तो विजय निश्चित तुम्हारी होगी। यदि यह...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—13Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 11, 2017 December 11, 2017 विवाह आठ प्रकार का होता है। एक ब्रहा्र, दूसरा दैव,तीसरा आर्ष, चौथा प्रजापत्य, पांचवा आसुर ,छटा गान्धर्व, सातवा राक्षस, आठवां पैशाच। इन विवाहों की यह...
धर्मओशो : प्रेम का अन्त करने का बड़ा अद्भुत उपायJeewan Aadhar Editor DeskDecember 11, 2017 December 11, 2017 एक सम्राट एक गरीब स्त्री के प्रेम में पड़ गया। सम्राट था। स्त्री इतनी गरीब थी कि खरीदी जा सकती थी, कोई दिक्कत न थी।...
धर्मस्वामी राजदास : कर्म का फलJeewan Aadhar Editor DeskDecember 11, 2017 December 11, 2017 एक आदमी का पूरा परिवार गुरुद्वारे जाकर गुरु की महान सेवा किया करता था। उस परिवार में एक लड़का जो कि दोनों पैरों से अपाहिज...
धर्मपरमहंस स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—75Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 11, 2017February 2, 2024 December 11, 2017February 2, 2024 एक सेठ का लडक़ा बाहर विदेश से पढक़र अपने देश लौटा। उस समय नव-रात्रों का आयोजन चल रहा था। सेठ जी बड़ा खुश हुआ कि...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—12Jeewan Aadhar Editor DeskDecember 10, 2017 December 10, 2017 जो प्रत्यक्षपूर्वक अर्थात् जिसका कोई एक देश सम्पूर्ण द्रव्य किसी स्थान वा काल में प्रत्यक्ष हुआ हो उसका दूर देश में सहचारी एक देश के...