परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 843 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 16, 2026March 16, 20260
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 842 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 15, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—841 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—841Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 14, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—840 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—840Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 13, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—839 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—839Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 12, 2026
धर्मओशो : गहराई में डूबकीJeewan Aadhar Editor DeskFebruary 1, 2018 February 1, 2018 भगवान श्रावस्ती में विहरते थे। श्रावस्ती में पंचग्र-दायक नामक एक ब्राह्मण था। वह खेत बोने के पश्चात् फलस तैयार होने तक पंच बार भिक्षुसंघ को...
धर्मराजदास : अंदर का अमृतJeewan Aadhar Editor DeskFebruary 1, 2018 February 1, 2018 परमानंद की यात्रा काम से राम तक की यात्रा है। काम का अर्थ है- हमारी उत्सुकता जीत में है। हर व्यक्ति छोटा-मोटा सिकंदर होना चाहता...
धर्मस्वामी सदानंद के प्रवचनों से—247Jeewan Aadhar Editor DeskFebruary 1, 2018 February 1, 2018 रात का समय था, सर्वगुण सम्पन्न घड़ी आई,चन्द्र रोहिणी नक्षत्र में आया, आकाश में तारे झिलमिला रहे थे, नदियों का नीर निर्मल और स्वच्छ था।...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—56Jeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 जहां जो बात सुनी जाती है वही सच्ची होगी कि कोई जुलाहा काशी में रहता था। उसके लडक़े बालक नहीं थे। एक समय थोड़ी सी...
धर्मओशो : गुरू और शिष्य का मिलन नदी-सागर-सयोंगJeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 जो बुद्ध के पास थे या जो महावीर के पास थे, या जो नानक के,कबीर के पास थे, जो सच में पास थे…। उनकी नहीं...
धर्मस्वामी राजदास : संतों का एकांतJeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 संतों की हर बात निराली होती है। एक बार की बात है। संत सफियान अपने अजीज मित्र संत फजील से मिलने गए। कई दिनों बाद...
धर्मस्वामी सदानंद के प्रवचनों से—246Jeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 रात का समय था, सर्वगुण सम्पन्न घड़ी आई,चन्द्र रोहिणी नक्षत्र में आया, आकाश में तारे झिलमिला रहे थे, नदियों का नीर निर्मल और स्वच्छ था।...
धर्मसत्यार्थप्रकाश के अंश—55Jeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 एक वार काठियावाड़ में किसी काठी अर्थात् जिस का दादाखाचर गड्ढे का भूमिया था। उस को शिष्यों ने कहा कि तुम चतुर्भुज नारायण का दर्शन...
धर्मओशो : भ्रम का अंतरJeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 एक युवा डाक्टर ने अपनी प्रेमिका से रामांटिक लहजे में कहा: तुम्हारी आंखों में जीवन का टानिक हैं। जब उदास होता हूं, तो तुम्हारा सामीप्य...
धर्मस्वामी राजदास : मृत्युJeewan Aadhar Editor DeskJanuary 31, 2018 January 31, 2018 एक बार गौतम बुद्ध के पास एक स्त्री आई और विलाप करने लगी कि सांप के काटने से उसके पुत्र की मृत्यु हो गई है।...