परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 846 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 19, 2026March 19, 20260
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 845 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 18, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 844 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 17, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 843 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 16, 2026
परमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 842 धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—...Jeewan Aadhar Editor DeskMarch 15, 2026
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 680Jeewan Aadhar Editor DeskOctober 4, 2025 October 4, 2025 एक छोटे से गाँव में एक युवक रहता था — पढ़ा-लिखा, तर्कशील, और हर बात को अपनी बुद्धि की कसौटी पर परखने वाला। वह अक्सर...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 679Jeewan Aadhar Editor DeskOctober 3, 2025 October 3, 2025 एक बार की बात है। गांव के किनारे एक संत रहते थे। लोग अक्सर उनसे पूछते— “बाबा! हम रोज़ प्रार्थना करते हैं, पूजा-पाठ करते हैं,...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—678Jeewan Aadhar Editor DeskOctober 2, 2025 October 2, 2025 दशहरे के दिन संत मंच पर खड़े हुए। सामने भीड़ थी और उसी भीड़ में कुछ नेता भी पंक्ति में बैठे थे। संत ने मुस्कुराकर...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 677Jeewan Aadhar Editor DeskOctober 1, 2025 October 1, 2025 एक बार लंका युद्ध में लक्ष्मण मेघनाद के बाण से गंभीर रूप से घायल होकर मूर्छित हो गए। पूरा रणक्षेत्र मौन हो गया। श्रीराम का...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से-676Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 30, 2025 September 30, 2025 अयोध्या का राजकुमार श्रीराम जब वनवास के लिए निकले, तो उनके पास न तो राजसिंहासन था, न सेना, न धन। लेकिन उनके पास चार अमूल्य...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—675Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 29, 2025September 29, 2025 September 29, 2025September 29, 2025 अयोध्या में भरत और राम का जो प्रेम था, वह केवल भाई–भाई का रिश्ता नहीं था, बल्कि त्याग, विश्वास और निस्वार्थ भाव का सर्वोच्च उदाहरण...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—674Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 28, 2025 September 28, 2025 किशन नाम का एक युवक था। वह पढ़ाई में होशियार था, लेकिन जैसे ही कोई कठिन विषय सामने आता, वह जल्दी हार मान लेता। बार-बार...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से — 673Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 27, 2025 September 27, 2025 एक बार एक बड़े शहर में कॉलेज के छात्र एक संत से मिलने आए। उनमें से एक छात्र ने प्रश्न किया— “गुरुदेव, रामायण तो प्राचीन...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से— 672Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 26, 2025September 26, 2025 September 26, 2025September 26, 2025 अयोध्या नगरी में जब रामराज्य का समय आने वाला था, तभी मंथरा ने कैकेयी के मन में संदेह का बीज बो दिया। उस एक कुटिल...
धर्मपरमहंस संत शिरोमणि स्वामी सदानंद जी महाराज के प्रवचनों से—671Jeewan Aadhar Editor DeskSeptember 25, 2025September 25, 2025 September 25, 2025September 25, 2025 जनकपुर में सीता स्वयंवर के अवसर पर जब श्रीराम ने शिवधनुष तोड़ा, तो परशुराम जी प्रचंड क्रोध में भरकर पहुँचे। उन्होंने गरजते हुए कहा— “कौन...